छत्तीसगढ़

दल्लीराजहरा नगर पालिका में प्रॉपर्टी टैक्स वसूली में कड़ाई

Shantanu Roy
8 Dec 2025 10:18 PM IST
दल्लीराजहरा नगर पालिका में प्रॉपर्टी टैक्स वसूली में कड़ाई
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Dalli Rajhara. दल्लीराजहरा। मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) भूपेंद्र वारडेकर ने कहा है कि राज्य शासन के स्पष्ट निर्देशानुसार नगर पालिका की राजस्व वसूली शत प्रतिशत सुनिश्चित होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि राजस्व वसूली कम रही, तो न केवल कर्मचारियों के वेतन भुगतान में बाधा आएगी बल्कि अन्य विकास कार्य भी प्रभावित होंगे। दल्ली राजहरा में कुल 27 वार्ड हैं और नगर की कुल जनसंख्या 44,363 है। नगर पालिका की राजस्व वसूली में गृहकर, जलकर तथा नगर निगम द्वारा निर्मित व्यवसायिक परिसरों का किराया शामिल है। नगर में बड़ी संपत्तियों के कर का समेकित अध्ययन कर बकायेदारों की पहचान की गई है।

नगर पालिका ने पिछले वर्षों के बकाया प्रॉपर्टी टैक्स के लिए बार-बार बिल नोटिस और डिमांड नोटिस जारी किए हैं। बावजूद इसके बकायादारों ने अब तक भुगतान नहीं किया है। नगर पालिका ने स्पष्ट किया कि सभी बकायादारों को पर्याप्त नोटिस भेजे जा चुके हैं और अब उन्हें अंतिम अवसर दिया जा रहा है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी भूपेंद्र वारडेकर ने कहा कि नगर पालिका के सहायक राजस्व निरीक्षक एवं वार्ड प्रभारी के माध्यम से बकायादारों को तत्काल अपने बकाया टैक्स जमा करने के लिए कहा जाएगा। यदि बकायादार समय पर राशि जमा नहीं करते हैं, तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसमें उनकी सूची तैयार कर सार्वजनिक करना और आगामी माह के अखबारों में नाम प्रकाशित करना शामिल है। इसके अलावा बकायादार की संपत्ति कुर्क करने की योजना भी प्रस्तावित की गई है। नगर पालिका ने बताया कि इस कदम का उद्देश्य न केवल राजस्व संग्रह बढ़ाना है।

बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि शहर में विकास कार्य समय पर पूरे हों और नगर की बुनियादी सुविधाओं का संचालन बाधित न हो। शहर में जलापूर्ति, सड़क निर्माण, सफाई व्यवस्था और अन्य नगर विकास कार्य इसी राजस्व पर निर्भर हैं। मुख्य नगर पालिका अधिकारी ने स्पष्ट किया कि अब किसी भी बकायेदार को ढिलाई की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने सभी वार्ड प्रभारी और राजस्व निरीक्षकों को निर्देश दिए हैं कि वे नियमित रूप से संपत्ति कर वसूली की समीक्षा करें और लंबित बकायादारों की सूची समय-समय पर अपडेट करते रहें। नगर पालिका का कहना है कि यह कदम सभी नागरिकों के हित में है और नगर में सभी विकास कार्यों के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक है। बकायादारों के खिलाफ कार्रवाई करने से पहले उन्हें अंतिम चेतावनी दी जाएगी और यदि वे राशि जमा नहीं करते हैं, तो नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। इस पहल से नगर में कर वसूली की दर में सुधार होने की उम्मीद जताई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि ऐसा करने से नगर की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और शहरवासियों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।
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